Wednesday, February 4, 2026

सतयुग दर्शन इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी में IPR, पेटेंट एवं डिज़ाइन फाइलिंग पर ऑनलाइन कार्यशाला का आयोजन –

विष्णु दयाल : संवाददाता

 

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सतयुग दर्शन इंस्टिट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (SDIET), के IPR सेल द्वारा राजीव गांधी नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी मैनेजमेंट (RGNIIPM), नागपुर के सहयोग से बौद्धिक संपदा अधिकार (Intellectual Property Rights), पेटेंट एवं डिज़ाइन फाइलिंग विषय पर एक ऑनलाइन कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम सोमवार, 10 नवंबर 2025 को संपन्न हुआ।

 

कार्यक्रम के संसाधन व्यक्ति श्री कुमार राजू, असिस्टेंट कंट्रोलर ऑफ पेटेंट्स एंड डिज़ाइन्स, RGNIIPM, नागपुर रहे। उन्होंने प्रतिभागियों को नवाचार एवं शोध की सुरक्षा में बौद्धिक संपदा अधिकारों की महत्वपूर्ण भूमिका के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने पेटेंट, कॉपीराइट, ट्रेडमार्क और इंडस्ट्रियल डिज़ाइन जैसे बौद्धिक संपदा के विभिन्न प्रकारों के बारे में बताया तथा भारत में पेटेंट एवं डिज़ाइन फाइलिंग की संपूर्ण प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की।

 

कार्यशाला में छात्रों, फैकल्टी सदस्यों तथा स्टाफ ने सक्रिय रूप से भाग लिया। प्रतिभागियों ने सीखा कि IPR किस प्रकार नवाचार को प्रोत्साहित करता है, रचनात्मकता की सुरक्षा करता है और शोध-आधारित विकास को बढ़ावा देता है। कार्यक्रम के अंत में एक प्रश्नोत्तर सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने पेटेंट आवेदन प्रक्रिया एवं बौद्धिक संपदा संरक्षण से संबंधित अपने प्रश्नों के समाधान प्राप्त किए।

 

इस अवसर पर SDIET के प्राचार्य, डॉ. शैलेंद्र कुमार ने आयोजन की सराहना की तथा RGNIIPM का धन्यवाद व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान ज्ञान-आधारित युग में IPR की समझ अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि यह नवाचार, उद्यमिता एवं शोध उत्कृष्टता को बढ़ावा देती है। उन्होंने संस्थान द्वारा भविष्य में भी ऐसे ज्ञानवर्धक कार्यक्रमों के आयोजन के प्रति प्रतिबद्धता व्यक्त की, ताकि विद्यार्थियों को तकनीकी एवं शोध संबंधी भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार किया जा सके।

 

यह कार्यशाला IPR के प्रति जागरूकता एवं समझ को सुदृढ़ करने में अत्यंत उपयोगी सिद्ध हुई, जो तकनीकी शिक्षा में शोध, नवाचार एवं उद्यमिता को बढ़ावा देने के SDIET के मिशन के अनुरूप है।

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