दिल्ली चलो देश के कई शहरों में एलपीजी सिलेंडर की कमी की खबरों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। बेंगलुरु, दिल्ली, हैदराबाद और मुंबई जैसे बड़े शहरों के कई रेस्टोरेंट्स गैस की कमी से जूझ रहे हैं, वहीं भोपाल में लोगों को सिलेंडर के लिए लंबी लाइनों में खड़ा होना पड़ रहा है।
इसी बीच पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने स्थिति को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि चुनौतियों के बावजूद रेस्टोरेंट्स और उद्योगों को उनकी गैस जरूरत का लगभग 70–80% हिस्सा मिल रहा है और सरकार देश में सस्ती ऊर्जा की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
मंत्री के मुताबिक, बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच भारत पश्चिम एशिया के अलावा अन्य देशों से भी एलपीजी और एलएनजी आयात बढ़ा रहा है, ताकि सप्लाई बनी रहे। साथ ही तेल कंपनियों को उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं, जिसके बाद भारतीय रिफाइनरियों ने घरेलू एलपीजी उत्पादन लगभग 10% तक बढ़ा दिया है।
सरकार का कहना है कि वैकल्पिक स्रोतों से गैस की अतिरिक्त आपूर्ति जल्द देश में पहुंचेगी और घरेलू गैस सप्लाई को स्थिर बनाए रखने के लिए हर जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
लगातार बढ़ती महंगाई और रसोई गैस सिलेंडर के दामों में इजाफे ने आम जनता, खासकर महिलाओं की रसोई का बजट पूरी तरह बिगाड़ दिया है। बढ़ती कीमतों से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
इसी महंगाई के विरोध में खंडवा शहर जिला कांग्रेस ने शहर कांग्रेस जिला अध्यक्ष प्रतिभा रघुवंशी के नेतृत्व में अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने चूल्हे पर चाय बनाकर आम लोगों को पिलाई और रसोई गैस के बढ़ते दामों के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सरकार से गैस सिलेंडर के दाम कम करने और आम जनता को महंगाई से राहत देने की मांग भी की।
फरीदाबाद, 11 मार्च, 2026: इरास्मस+ प्रोग्राम से सपोर्टेड NSIS (बिज़नेस, इनोवेशन और एंटरप्रेन्योरशिप के लिए इन्फॉर्मेशन, रिसर्च और डिजिटल स्किल्स डेवलप करना) प्रोजेक्ट, जो यूरोपियन यूनियन को-फंडेड है, भारत, श्रीलंका और नेपाल की यूनिवर्सिटीज़ के लिए डिजिटल रिसर्च, डेटा स्किल्स, रिसर्च कमर्शियलाइज़ेशन और एंटरप्रेन्योरशिप पर 10-मॉड्यूल ट्रेनिंग प्रोग्राम शुरू करेगा। इस पहल और इसके खास नतीजों पर आज नेशनल अवेयरनेस डे 2026 के दौरान रोशनी डाली गई, जिसे NSIS प्रोजेक्ट के तहत ऑर्गनाइज़ किया गया था और मानव रचना इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ रिसर्च एंड स्टडीज़ (MRIIRS) में होस्ट किया गया था, साथ ही इसके सहयोग में MIT वर्ल्ड पीस यूनिवर्सिटी, पुणे और सत्यभामा इंस्टीट्यूट ऑफ़ साइंस एंड टेक्नोलॉजी, चेन्नई भी इसमें शामिल थे।
इस इवेंट में साउथ एशिया और यूरोप के इंटरनेशनल एकेडमिक लीडर्स, रिसर्चर्स और पॉलिसी स्टेकहोल्डर्स एक साथ आए और इस पूरे क्षेत्र में डिजिटल रिसर्च कैपेबिलिटीज़, इनोवेशन सपोर्ट सिस्टम्स और यूनिवर्सिटी-लेड एंटरप्रेन्योरशिप को मज़बूत करने की स्ट्रेटेजी पर चर्चा की गई। चर्चाओं में यूनिवर्सिटीज़ के अंदर मज़बूत रिसर्च इकोसिस्टम बनाने और हायर एजुकेशन इंस्टीट्यूशन्स को इनोवेशन-ड्रिवन इकोनॉमिक ग्रोथ और रिसर्च को सपोर्ट करने के लिए ज़रूरी डिजिटल और इन्फॉर्मेशन स्किल्स से लैस करने पर फोकस किया गया। यूरोपियन और साउथ एशियन पार्टनर इंस्टीट्यूशन्स के बीच कोलेबोरेशन के ज़रिए, यह इनिशिएटिव नॉलेज एक्सचेंज, जॉइंट रिसर्च इनिशिएटिव्स और इनोवेशन मैनेजमेंट और रिसर्च-ड्रिवन एंटरप्रेन्योरशिप में ग्लोबल बेस्ट प्रैक्टिसेज़ को अपनाने को बढ़ावा देता है। NSIS के प्रोजेक्ट लीड और इरास्मस+ कोऑर्डिनेटर डॉ. पैड्रेग किर्बी ने कहा, “NSIS प्रोजेक्ट का मकसद जानकारी, रिसर्च और डिजिटल स्किल्स को डेवलप करना है, जिसमें खास तौर पर लाइब्रेरी और रिसर्च की भूमिका को मजबूत करने और रिसर्च, बिज़नेस और एंटरप्रेन्योरशिप के लिए लाइब्रेरियन द्वारा दी जाने वाली सर्विस और सपोर्ट को बेहतर बनाने पर फोकस किया जाएगा। प्रोजेक्ट के खास नतीजों में से एक 10-मॉड्यूल का करिकुलम डेवलप करना होगा, जिसमें डिजिटल लिटरेसी, डेटा स्किल्स, इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी राइट्स (IPR), ऑनलाइन रिसर्च पब्लिकेशन, एकेडमिक राइटिंग, और बिज़नेस और मैनेजमेंट जैसे एरिया शामिल होंगे। ये मॉड्यूल भारत, श्रीलंका और नेपाल की यूनिवर्सिटीज़ के लिए ट्रेनिंग के मौकों के तौर पर उपलब्ध कराए जाएंगे, जिन्हें एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से सपोर्ट मिलेगा जो पार्टिसिपेंट्स को कोर्स और रिसोर्स एक्सेस करने देगा।” मानव रचना इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ रिसर्च एंड स्टडीज़ में इरास्मस प्रोजेक्ट लीड और डीन रिसर्च, डॉ. सरिता सचदेवा ने कहा, “हम एक ऐसे दौर में जी रहे हैं जहाँ तेज़ी से टेक्नोलॉजी में तरक्की, डिजिटल बदलाव और नॉलेज पर आधारित अर्थव्यवस्थाएँ हैं, जहाँ जानकारी तक पहुँच, रिसर्च की क्षमताएँ और डिजिटल स्किल्स इनोवेशन और एंटरप्रेन्योरशिप के बुनियादी ड्राइवर बन गए हैं। इरास्मस+ NSIS प्रोजेक्ट के ज़रिए, हमारा मकसद भारत, श्रीलंका और नेपाल में पार्टनर संस्थानों के बीच रिसर्च और एकेडमिक सहयोग को मज़बूत करना, मॉडर्न रिसर्च माहौल के लिए ज़रूरी डिजिटल और इन्फॉर्मेशन स्किल्स को बढ़ाना, और पूरे इलाके में इनोवेशन, एंटरप्रेन्योरशिप और नॉलेज पर आधारित आर्थिक विकास को सपोर्ट करना है।” मानव रचना इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ रिसर्च एंड स्टडीज़ के प्रो वाइस-चांसलर डॉ. नरेश ग्रोवर ने डिजिटली कनेक्टेड रिसर्च इकोसिस्टम को इनेबल करने में यूनिवर्सिटीज़ की बदलती भूमिका पर ज़ोर देते हुए कहा, “हायर एजुकेशन में डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन सिर्फ़ नई टेक्नोलॉजी लाने के बारे में नहीं है; यह यूनिवर्सिटीज़ के अंदर सीखने, रिसर्च और कोलेबोरेशन के तरीके को पूरी तरह से रीडिज़ाइन करने के बारे में है। टेक्नोलॉजी-इनेबल्ड और ग्लोबली कनेक्टेड लर्निंग एनवायरनमेंट की ओर बदलाव इंस्टीट्यूशन्स को रिसर्च को मज़बूत करने, इनोवेशन को बढ़ावा देने और एकेडमिक काम को असल दुनिया की चुनौतियों से जोड़ने में मदद कर रहा है। नेशनल एजुकेशन पॉलिसी 2020 और डिजिटल इंडिया मिशन जैसे इनिशिएटिव्स के सपोर्ट से, यूनिवर्सिटीज़ रिसर्च कैपेबिलिटीज़ को बेहतर बनाने और इंस्टीट्यूशनल डिसीजन-मेकिंग को ज़्यादा डेटा-ड्रिवन बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्लाउड कंप्यूटिंग और डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म का तेज़ी से इस्तेमाल कर रही हैं।” “साउथ एशिया में बिज़नेस, इनोवेशन और एंटरप्रेन्योरशिप के लिए इन्फॉर्मेशन और रिसर्च डेवलप करने के लिए AI और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन” पर एक पैनल डिस्कशन को मानव रचना एजुकेशनल इंस्टीट्यूशन्स के मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO राजीव कपूर ने मॉडरेट किया। “साउथ एशिया में एंटरप्रेन्योरशिप के लिए एजुकेशन, रिसर्च और लाइब्रेरी में डिजिटल स्किल्स डेवलप करना” पर एक और पैनल को मानव रचना इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ रिसर्च एंड स्टडीज की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर और डीन एकेडमिक्स डॉ. मोनिका गोयल ने मॉडरेट किया। चर्चा में रिसर्च संस्थानों के अंदर डिजिटल काबिलियत को मज़बूत करने की स्ट्रेटेजी पर बात हुई और इनोवेशन से चलने वाली एंटरप्रेन्योरशिप और इंटरडिसिप्लिनरी रिसर्च को सपोर्ट करने में यूनिवर्सिटी की भूमिका पर ज़ोर दिया गया। MRIIRS में, इरास्मस+ सपोर्ट ने उभरते टेक्नोलॉजी एरिया में रिसर्च कोलेबोरेशन, लाइब्रेरी स्टाफ़ समेत प्रोफेशनल्स के लिए कैपेसिटी-बिल्डिंग प्रोग्राम, और स्टूडेंट्स और रिसर्चर्स के बीच इनोवेशन को बढ़ावा देने के मकसद से एंटरप्रेन्योरशिप डेवलपमेंट इनिशिएटिव में योगदान दिया है।
लंबे समय में, इस इनिशिएटिव से रीजनल इनोवेशन इकोसिस्टम को मज़बूत करने, यूनिवर्सिटीज़ के अंदर स्टार्टअप कल्चर को बढ़ावा देने, एकेडेमिया और इंडस्ट्री के बीच कोलेबोरेशन को बढ़ाने, और इनोवेशन से चलने वाली एंटरप्रेन्योरशिप और टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट के लिए सस्टेनेबल फ्रेमवर्क बनाने की उम्मीद है।
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में सत्युग दर्शन इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (SDIET) के छात्र-छात्राओं द्वारा भव्य नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया। “नारी शक्ति, पहचान अपनी” विषय पर आधारित इस नाटक के माध्यम से युवाओं ने समाज में महिलाओं के अस्तित्व और उनकी अद्वितीय पहचान को सशक्त रूप से प्रस्तुत किया।
शहर के सार्वजनिक स्थल पर आयोजित इस कार्यक्रम में भारी संख्या में स्थानीय लोग और छात्र मौजूद रहे। नाटक के कलाकारों ने ढोलक की थाप और जोशीले संवादों के जरिए समाज में व्याप्त रूढ़िवादी सोच पर कड़ा प्रहार किया। प्रस्तुति में दिखाया गया कि कैसे एक महिला अपनी पारिवारिक जिम्मेदारियों के साथ-साथ अपनी व्यक्तिगत पहचान और सपनों को नई उड़ान दे सकती है।
संस्थान के प्रबंधन और शिक्षकों ने छात्रों के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि तकनीकी शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक मुद्दों के प्रति संवेदनशीलता आज के समय की मांग है। नाटक का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने और अपनी छिपी हुई प्रतिभा को पहचानने के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम का समापन उपस्थित जनसमूह द्वारा नारी सम्मान और समानता की शपथ के साथ हुआ।
प्राचार्य डॉ. शैलेन्द्र कुमार ने अपने संदेश में कहा कि महिला सशक्तिकरण केवल एक विचार नहीं, बल्कि समाज के समग्र विकास की आधारशिला है। उन्होंने कहा कि जब शिक्षित और जागरूक युवा समाज में सकारात्मक संदेश देने के लिए आगे आते हैं, तो परिवर्तन की एक मजबूत नींव तैयार होती है। उन्होंने छात्रों की इस रचनात्मक पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में सामाजिक जिम्मेदारी और संवेदनशीलता की भावना को और मजबूत करते हैं।
*आज़मगढ़ /उत्तर प्रदेश /संवाददाता -शुभम कुमार रावत
आजमगढ़। सगड़ी जीयनपुर कोतवाली के देवापार बाजार में स्थित यूनियन बैंक की शाखा के मकान में लगी खिड़की को शनिवार की रात्रि में तोड़कर अंदर घुसे चोरों ने लाकर रूम का ताला तोड़ने का प्रयास किया लेकिन सफल नहीं हो पाए। पहले चोरों ने बैंक के अंदर लगे सभी सीसी कैमरा को तोड़ा।
कैश काउंटर को तोड़कर नगदी चोरी करने का प्रयास किया। चोरों ने बैंक के लाकर रूम के ताले को तोड़ने की कोशिश की लेकिन ताला नहीं टूट पाया। जिससे बड़ी घटना होने से बच गई। ग्रामीणों की सूचना पर रात में ही पहुंचे शाखा प्रबंधक रामप्रीत ने जीयनपुर पुलिस को जानकारी कराई।
मौके पर पहुंची पुलिस और एसओजी टीम जांच में जुटी हुई है।जीयनपुर कोतवाली के अंजान शहीद गांव से सटे देवापार बाजार में यूनियन बैंक की शाखा किराए के मकान में संचालित है। शनिवार की रात में अज्ञात चोरों ने मकान में लगे खिड़की को तोड़ दिया और बैंक में घुस गए।
बैंक के सभी काउंटरों पर चोरों ने नकदी खोजने का प्रयास किया लेकिन उनके हाथ कुछ नहीं लगा। सीसी कैमरा को तोड़कर चोरों ने लाकर रूम का ताला रेती से काटने का प्रयास किया लेकिन सफल नहीं हो पाए। शाखा प्रबंधक रामप्रीत ने बताया की जानकारी होने पर और पुलिस को इसकी लिखित सूचना दिया।
हालांकि कोई नुकसान नहीं हुआ है। चोरों ने सीसी कैमरा और कुछ और सामानों की तोड़फोड़ की है। इस संबंध में प्रभारी निरीक्षक जीयनपुर राजकुमार सिंह ने बताया कि अज्ञात चोरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
सीसी कैमरे की मदद से घटना तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
भिवाड़ी के पायलट इंडस्ट्रीज लिमिटेड फ़ैक्टरी A-44 कहरानी रिको औद्योगिक क्षेत्र में 55वें राष्ट्रीय सुरक्षा सप्ताह के तहत कई जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य कर्मचारियों में सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। मुख्य प्रबंधक सुप्रतीक बोस के मार्गदर्शन और प्रबंधक (मानव संसाधन) उमेश मिश्रा ,तकनीकी सलाहकार अरविंद सिंह, शिवा गुप्ता , ओमप्रकाश ,सुजीत राणा , सुन्दर गिरि , हरी नारायण सिंह , मनीष कुमार ठाकुर, मनविंदर सिंह , बृजपाल सिंह के नेतृत्व में फ़ैक्टरी के कर्मचारियों के लिए विशेष सुरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान कार्यस्थल, सड़क, घर और पर्यावरण में सुरक्षा, साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना और दुर्घटनाओं को रोकना, कर्मचारियों को आग से बचाव के तरीके और व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरणों (PPE) के सही उपयोग की जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण के अतिरिक्त, सुरक्षा शपथ ग्रहण समारोह, सुरक्षा प्रश्नोत्तरी और पुरस्कार वितरण कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। इन आयोजनों में कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सुरक्षा जागरूकता को और बढ़ाने के लिए “उन्नत सुरक्षा के लिए लोगों को जोड़ें, शिक्षित करें और सशक्त बनाएं” विषय पर एक सुझाव प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। इस प्रतियोगिता में सर्वश्रेष्ठ सुझाव देने वाले कर्मचारी को सम्मानित किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि हर साल की तरह इस वर्ष भी पायलट इंडस्ट्रीज लिमिटेड फ़ैक्टरी (भिवाड़ी) में 4 से 10 मार्च 2026 तक 55वां राष्ट्रीय सुरक्षा सप्ताह मनाया जा रहा है। इस सप्ताह के तहत विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम औद्योगिक सुरक्षा, सड़क सुरक्षा, घरेलू सुरक्षा और साइबर सुरक्षा कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
माधव नगर। आज राष्ट्रीय सेविका समिति, उमा शाखा ने माधव नगर में महिला दिवस और होली मिलन समारोह का भव्य आयोजन किया। इस अवसर पर स्थानीय महिलाएं और बच्चे बड़े उत्साह के साथ शामिल हुए। कार्यक्रम का उद्देश्य महिला सशक्तिकरण, सामूहिक सहभागिता और सांस्कृतिक समृद्धि को बढ़ावा देना था।
कार्यक्रम की शुरुआत: समारोह की शुरुआत सुबह दीप प्रज्वलन और स्वागत समारोह के साथ हुई। समिति की वरिष्ठ सदस्याओं ने उपस्थित लोगों का स्वागत करते हुए कहा कि यह आयोजन महिलाओं के योगदान और समाज में उनकी भागीदारी को मान्यता देने के लिए आयोजित किया गया है। मुख्य वक्ताओं का क्रम और उनके वक्तव्य:
1. ममता रावत जी ममता रावत जी ने महिलाओं में आत्मनिर्भरता और नेतृत्व क्षमता विकसित करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि महिलाएं घर की जिम्मेदारियों के साथ-साथ सामाजिक और पेशेवर जीवन में भी सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने युवाओं और महिलाओं को प्रोत्साहित किया कि वे अपने कौशल और शिक्षा से समाज में बदलाव लाएँ।
2. पद्मा नेगी जी पद्मा नेगी जी ने महिला शिक्षा और बच्चों के कल्याण पर विशेष ध्यान दिया। उनका कहना था कि शिक्षा ही महिलाओं को सशक्त बनाने का सबसे मजबूत हथियार है। उन्होंने सभी से अपील की कि वे खुद पढ़ें और बेटियों को भी शिक्षा के अवसर दें।
3. चंपा जी चंपा जी ने महिलाओं में समान अधिकार और आत्म-सम्मान बनाए रखने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि महिलाएं समाज में अपनी राय खुले रूप से रखें और किसी भी प्रकार के अन्याय या भेदभाव के खिलाफ खड़ी हों।
4. सत्या जी सत्या जी ने महिला सुरक्षा और सामाजिक जिम्मेदारियों पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि महिलाएं केवल परिवार की देखभाल तक सीमित न रहें, बल्कि सुरक्षा, न्याय और सामाजिक जिम्मेदारी में भी सक्रिय भूमिका निभाएँ। उन्होंने सभी महिलाओं से अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने और समस्याओं का साहसपूर्वक सामना करने की अपील की।
5. रेणु जी रेणु जी ने मानसिक स्वास्थ्य और सकारात्मक सोच पर ध्यान केंद्रित किया। उन्होंने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य मजबूत होने पर महिलाएं जीवन और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकती हैं। उन्होंने आत्मविश्वास और मानसिक सशक्तिकरण को प्राथमिकता देने की बात कही।
6. पिंकी जी पिंकी जी ने सामूहिक प्रयास और समाज सेवा का महत्व बताया। उनका कहना था कि महिलाएं मिलकर कार्य करें तो समाज में बदलाव जल्दी और प्रभावशाली रूप से संभव है। उन्होंने महिलाओं से समाज सेवा में सक्रिय भागीदारी की अपील की।
7. दीपांशी अरोड़ा दीपांशी अरोड़ा ने महिला नेतृत्व और करियर विकास पर मार्गदर्शन दिया। उन्होंने कहा कि शिक्षा, कौशल और आत्मविश्वास के माध्यम से महिलाएं समाज में नेतृत्व की भूमिका निभा सकती हैं। उन्होंने हर महिला में छिपी नेतृत्व क्षमता को पहचानने और विकसित करने पर जोर दिया।
8. दीपाली जी दीपाली जी ने सांस्कृतिक गतिविधियों में भागीदारी और सृजनात्मकता बढ़ाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक गतिविधियाँ महिलाओं और बच्चों में रचनात्मक सोच और आत्मविश्वास विकसित करती हैं। उन्होंने उपस्थित महिलाओं से अपने बच्चों को भी इन गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित करने की अपील की।
9. भूमिका जी भूमिका जी ने महिला स्वास्थ्य, पोषण और समाज सेवा पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ और मजबूत शरीर ही महिलाओं को समाज में सक्रिय भूमिका निभाने की शक्ति देता है। उन्होंने स्वास्थ्य और पोषण के महत्व पर विशेष ध्यान देने को कहा।
10. सोनाली जी सोनाली जी ने महिला सशक्तिकरण और समाज सेवा पर बल दिया। उन्होंने कहा कि महिला का सशक्त होना समाज की प्रगति का प्रतीक है। उन्होंने महिलाओं से अपील की कि वे समाज में बदलाव लाने और दूसरों की मदद करने में सक्रिय भागीदारी निभाएँ। सांस्कृतिक कार्यक्रम और बच्चों की प्रतियोगिताएँ: वक्ताओं के भाषणों के बाद महिलाओं और बच्चों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ, गीत और नृत्य प्रस्तुत किए। बच्चों के लिए चित्रकला और नृत्य प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। बच्चों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया और सभी उपस्थित लोगों ने उनकी प्रशंसा की। कार्यक्रम में होली मिलन का आयोजन भी किया गया, जिसमें उपस्थित लोगों ने महिला सशक्तिकरण और सहयोग का संदेश साझा किया। अंत में सभी उपस्थित लोगों को स्मृति चिन्ह और हल्का जलपान प्रदान किया गया।
आजमगढ़। सगड़ी जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र के अजमतगढ़ कस्बा में ठेला चालक की मौत पर एक घंटा सड़क जाम कर नारेबाजी पर सात नामजद व अन्य अज्ञात पर जीयनपुर पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा।
02 मार्च की रात्रि 10:30 बजे ठेला चालक हरेंद्र सोनकर की स्कॉर्पियो से टक्कर में मौत हो गई जिसके बाद स्थानीय लोगों ने अमिला बोझी मार्ग लगभग एक घंटा सड़क जाम कर जमकर नारेबाजी की जिस पर अजमतगढ़ चौकी इंचार्ज अजय कुमार यादव ने शुक्रवार की रात्रि में जीयनपुर कोतवाली में तहरीर देकर शिवम राय पुत्र अरविंद राय,विशाल सोनकर पुत्र उमाशंकर, अमरेंद्र पुत्र अज्ञात,सचिन पुत्र रजई, कन्हैया पुत्र अज्ञात,संदीप सोनकर पुत्र दया सोनकर निवासी गण जानकीपुरम अजमतगढ़ और आशीष सोनकर पुत्र रमेश सोनकर निवासी सुभाष नगर अजमतगढ़ और अज्ञात पर सड़क जाम कर प्रशासन के विरुद्ध नारेबाजी करते हुए जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया जिस पर जीयनपुर पुलिस ने धारा 189/2, 352, 351/3, 132,127 भारतीय न्याय संहिता के तहत मुकदमा पंजीकृत कर जांच व तलाश में जुट गई है।
*आज़मगढ़/उत्तर प्रदेश/संवाददाता-शुभम कुमार रावत /आजमगढ़। सगड़ी तहसील क्षेत्र के शीतला धाम मंदिर हरसिंहपुर पर चलने वाले सात दिवसीय श्रीराम कथा का आयोजन 8 मार्च से 14 मार्च तक किया जा रहा है। जिसके लिए शनिवार को प्रातः लगभग 11:00 बजे 501 महिलाओं द्वारा कलश शोभा यात्रा निकाली गई
जो विभिन्न गांव के मार्गो से होते हुए तमसा नदी के तट पर पहुंचकर कलश में जल भरकर महिलाएं वापस आई तो विधि विधान पूर्वक कलश को मंडप में स्थापित कर प्रसाद का वितरण किया गया।इस दौरान लगभग तीन किलोमीटर लंबी दूरी महिलाओं को तय करनी पड़ी।जगह-जगह उनके लिए ग्रामीणों द्वारा जलपान की व्यवस्था की गई थी।
जिससे कि उन्हें भूख प्यास से बचाया जा सके। इस दौरान कलश शोभायात्रा के पूर्व मंडप की परिक्रमा कर विधि विधान पूर्वक मन्त्रो चार के द्वारा पूजन अर्चना के बाद कलश शिर पर रखकर कथा वाचक प्रेम भूषण महाराज द्वारा रथ पर सवार होकर चले और लोगों ने जायकारे लगाते हुए कन्याओं का स्वागत करते व फूलों की वर्षा करते हुए कलश शोभा यात्रा निकाली गई जो हरसिंगपुर,बेरमा,रकबा,ओलमापुर आदि होते हुए तमसा नदी के तट पर कलश शोभायात्रा पहुंची जहां से मन्त्रो चार के द्वारा जल कलश में भरकर वापस मंडप स्थल पर पहुंचकर कलश को स्थापित किया गया।
इस दौरान लोगों ने जमकर जयकारे लगाए जिससे पूरा क्षेत्र भक्ति मय हो उठा। कार्यक्रम के आयोजक प्रशांत सिंह रवि ने बताया कि सात दिवसी श्रीराम कथा के लिए 8 मार्च को श्री राम कथा महिमा एवं शिव पार्वती विवाह महोत्सव एवं 9 मार्च को भगवान का प्रकट महोत्सव एवं भगवान की बाल लीला 10 मार्च को धनुष भंग एवं
विवाह महोत्सव 11 मार्च को वन प्रवेश की मंगल यात्रा व केवट प्रेम 12 मार्च को भगवान के 14 निवास स्थान को भरत जी का प्रेम 13 मार्च को शबरी का प्रेम एवं हनुमान से मिलन 14 मार्च सुंदरकांड एवं श्री राम राज्याभिषेक एवं भंडारे का आयोजन किया गया है। उन्होंने जनमानस से अपील भी की है कि इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए मंदिर को सहयोग प्रदान करें।
जिससे कार्यक्रम को सुचारू व भव्य रूप से समापन किया जा सके। इस दौरान ग्रामीणों में पुजारी संत लीलाराम दास,राजेश सिंह,रीता सिंह, धर्मेंद्र सिंह,कंचन सिंह,प्रशांत सिंह,पूजा सिंह,रितु सिंह,सुशांत सिंह,शशांक सिंह,रमेश सिंह, अमित सिंह,मनोज श्रीवास्तव,अरुण सिंह एडवोकेट,बबलू सिंह,करमवीर सिंह,सोनू सिंह, पप्पू सिंह,अरविंद श्रीवास्तव सहित क्षेत्र के तमाम लोग उपस्थित थे।
आज़मगढ़/उत्तर प्रदेश/संवाददाता-शुभम कुमार रावत सगड़ी नगर पंचायत जीयनपुर के पूर्व अध्यक्ष और उनके भाई पर कुछ दिन पहले शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने,जान से मारने की धमकी देने के आरोपो को लेकर दाखिल मुकदमे को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आजमगढ़ न्यायालय ने खारिज कर दिया।
आरोप लगाने वाली महिला ने न्यायालय में शपथ पत्र देकर कहा कि पैसे के लेनदेन को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ था। मामला प्रशासन के सहयोग से सुलट गया। अब मुझे कोई मुकदमा नहीं लड़ना है। मैं अपना केस स्वेच्छया वापस ले रही हूं।यह मामला उस समय सुर्खियों में आया था जब रौनापार थाना क्षेत्र की एक महिला ने शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण करने,वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने और जान से मारने की धमकी जैसे गंभीर आरोप लगाते हुए 28 नवंबर 2025 को सदर कोतवाली आजमगढ़ में जीयनपुर नगर पंचायत के पूर्व अध्यक्ष हरिशंकर यादव और उनके भाई कृपा शंकर यादव के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। केस दर्ज होने के बाद न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने मामले की तहकीकात शुरू की लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी कहानी का रुख बदलता गया।पुलिस की जांच के दौरान धारा 64 और 123 बीएनएस के बयान में आरोप लगाने वाली महिला ने कहा कि पैसे का लेनदेन सुलट गया है। साथ ही माननीय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आजमगढ़ के न्यायालय में शपथ-पत्र दाखिल कर आरोप लगाने वाली महिला ने कहा कि मैंने यह मुकदमा अपनी मर्जी से दाखिल किया था और प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने मेरा बयान लेकर रिपोर्ट न्यायालय को दाखिल की है। वह बयान मैंने बगैर किसी नाजायज दबाव और प्रलोभन के दिया है। मैं अपनी स्वतंत्र मर्जी और इच्छा से सोच समझ कर मुकदमा की कार्रवाई आगे नहीं बढ़ाना चाहती हूं।मैं अब मुकदमा नहीं लड़ना चाहती हूं।मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सत्यवीर सिंह ने 17 फरवरी 2026 को आरोप लगाने वाली महिला के शपथ पत्र पर सुनवाई के करते हुए कहा कि वादिनी पुलिस की अंतिम रिपोर्ट से संतुष्ट हैं। इसलिए प्रार्थना-पत्र स्वीकार करते हुए मुकदमा निस्तारित किया जाता है। न्यायालय के इस निर्णय पर पूर्व अध्यक्ष ने कहा कि हमेशा सत्य की जीत होती है। मुझे न्यायालय से पूरी उम्मीद थी कि मेरे साथ न्याय होगा। इस फैसले से पूर्व अध्यक्ष के समर्थकों में काफी खुशी है।