SDIET में बी.टेक. तृतीय सेमेस्टर के विद्यार्थियों हेतु ओरिएंटेशन कार्यक्रम आयोजित
सत्युग दर्शन इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (SDIET), फरीदाबाद के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग द्वारा बी.टेक. तृतीय सेमेस्टर के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग एवं कंप्यूटर इंजीनियरिंग के विद्यार्थियों के लिए 16 जुलाई 2026 को ओरिएंटेशन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को उनके मुख्य शैक्षणिक चरण से परिचित कराते हुए आगामी शैक्षणिक एवं व्यावसायिक अवसरों और चुनौतियों के लिए तैयार करना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ विभागाध्यक्ष डॉ. ज्योति वर्मा के स्वागत संबोधन से हुआ। उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासन, समर्पण एवं उत्कृष्टता के साथ अपने शैक्षणिक लक्ष्यों की प्राप्ति हेतु प्रेरित किया। श्री शिरीष गुप्ता, सहायक प्राध्यापक (सीएसई), ने विद्यार्थियों को शैक्षणिक प्रगति एवं व्यावसायिक तैयारी के महत्व से अवगत कराया। सुश्री निकिता नरंग, सहायक प्राध्यापक (सीएसई), ने तृतीय सेमेस्टर के प्रमुख विषयों, उनकी व्यावहारिक उपयोगिता, उद्योग में उनकी प्रासंगिकता तथा प्रयोगशाला आधारित शिक्षण के महत्व पर प्रकाश डाला।
सुश्री अमिता गौतम, अकादमिक समन्वयक एवं सहायक प्राध्यापक (सीएसई), ने विद्यार्थियों को शैक्षणिक नियमों, उपस्थिति, विभागीय अपेक्षाओं एवं अनुशासन संबंधी आवश्यकताओं की जानकारी दी। वहीं सुश्री शिवानी बंसल, सहायक प्राध्यापक (सीएसई), ने वैल्यू एडेड कोर्सेज (VACs), परीक्षा प्रणाली, मेंटर-मेंटी व्यवस्था, MOOCs, ERP तथा अन्य संस्थागत सुविधाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की। कार्यक्रम के दौरान प्लेसमेंट तैयारी, करियर विकास एवं कौशल संवर्धन से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर भी विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया गया। अंत में प्रश्नोत्तर सत्र आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का समाधान किया गया।
इस अवसर पर प्राचार्य डॉ. शैलेंद्र कुमार त्यागी ने अपने संदेश में कहा कि “नया सेमेस्टर विद्यार्थियों के लिए सीखने, नवाचार करने और स्वयं को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाने का अवसर है। इंजीनियरिंग शिक्षा का उद्देश्य केवल तकनीकी ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों में नवाचार, नेतृत्व क्षमता, नैतिक मूल्यों और समस्या-समाधान की दक्षता का विकास करना भी है। हमें विश्वास है कि हमारे विद्यार्थी अनुशासन, परिश्रम और निरंतर सीखने की भावना के साथ अपने उज्ज्वल भविष्य का निर्माण करेंगे तथा समाज और राष्ट्र के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।”
कार्यक्रम का समापन विद्यार्थियों को नए सेमेस्टर के लिए शुभकामनाओं के साथ किया गया तथा उन्हें सीखने, नवाचार करने और उत्कृष्ट भविष्य के निर्माण हेतु प्रेरित किया गया।
